PALI SIROHI ONLINE
जालोर-जालोर के भीनमाल थाना के अरण निवासी की 24 मई को हुई संदिग्ध परिस्थितियों में युवक की मौत के मामले में नया मोड़ आ गया है।
मृतक के भाई मुराराम पुत्र कालाराम भील ने परिजनों के साथ कलेक्टर और एसपी को पत्र सौंपकर दर्ज मामले में स्थानीय पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जांच अधिकारी बदलने की मांग की है।पीड़ित पक्ष का आरोप है कि घटना के कई दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस ने न तो मुख्य गवाहों के बयान दर्ज किए हैं और न ही आरोपियों से गहन पूछताछ की है।
घटना से पहले मां से बात की थी
भाई मुराराम ने बताया- छोटे भाई कपूरा उर्फ कपियाराम ने मौत से ठीक पहले 24 मई को फोन कर अपनी और मां सकीदेवी से बात की थी। फोन पर उसने रोते हुए कहा था-उसकी सासू मां उषादेवी, पत्नी मरसू, साली अनिया और साला कृष्ण कुमार उसे जान से मारना चाहते हैं। उसने गुहार लगाई थी, आप लोग जल्दी आओ और मुझे बचा लो। इसके बाद भाई की लाश घर से दूर जमीन पर संदिग्ध हालत में पड़ी मिली।
हत्या को आत्महत्या करने का आरोप
उन्होंने एसपी को बताया कि मृतक के गले या आसपास कोई रस्सी नहीं थी और न ही पैरों में जूते थे। परिजनों का आरोप है कि आरोपियों ने सोची-समझी साजिश के तहत युवक की हत्या की और मामले को आत्महत्या का रूप देने के लिए शव को लटकाने का नाटक किया।
लोकेशन और कॉल डिटेल निकालने की मांग
पीड़ित परिवार ने साले कृष्ण कुमार, सासू उषा देवी और राजूराम के मोबाइल नंबरों की लोकेशन और कॉल डिटेल (CDR) निकालकर गहनता से जांच करने की मांग की है।
जांच अधिकारी ने कार्रवाई नहीं की
मुराराम ने बताया- उन्होंने 1 जून 2026 को ही भीनमाल थाने में रिपोर्ट दर्ज करा दी थी, लेकिन घटना को कई दिन बीत जाने के बाद भी वर्तमान जांच अधिकारी द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है और न तो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और न ही मेरे बयान दर्ज हुए हैं।
आरोपी पक्ष बना रहा राजीनामे का दबाव
अब आरोपी पक्ष की ओर से हम पर राजीनामा करने का दबाव बनाया जा रहा है। मुकदमा वापस न लेने पर हमारे पूरे परिवार को जान से मारने और गंभीर वारदात को अंजाम देने की धमकियां मिल रही हैं। परिवादी ने इस मामले में जांच अधिकारी बदलने की मांग की हैं।
हत्या को आत्महत्या करने का आरोप
उन्होंने एसपी को बताया कि मृतक के गले या आसपास कोई रस्सी नहीं थी और न ही पैरों में जूते थे। परिजनों का आरोप है कि आरोपियों ने सोची-समझी साजिश के तहत युवक की हत्या की और मामले को आत्महत्या का रूप देने के लिए शव को लटकाने का नाटक किया।
लोकेशन और कॉल डिटेल निकालने की मांग
पीड़ित परिवार ने साले कृष्ण कुमार, सासू उषा देवी और राजूराम के मोबाइल नंबरों की लोकेशन और कॉल डिटेल (CDR) निकालकर गहनता से जांच करने की मांग की है।
जांच अधिकारी ने कार्रवाई नहीं की
मुराराम ने बताया- उन्होंने 1 जून 2026 को ही भीनमाल थाने में रिपोर्ट दर्ज करा दी थी, लेकिन घटना को कई दिन बीत जाने के बाद भी वर्तमान जांच अधिकारी द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है और न तो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और न ही मेरे बयान दर्ज हुए हैं।
आरोपी पक्ष बना रहा राजीनामे का दबाव
अब आरोपी पक्ष की ओर से हम पर राजीनामा करने का दबाव बनाया जा रहा है। मुकदमा वापस न लेने पर हमारे पूरे परिवार को जान से मारने और गंभीर वारदात को अंजाम देने की धमकियां मिल रही हैं। परिवादी ने इस मामले में जांच अधिकारी बदलने की मांग की हैं।


