शिवगंज में गौहत्या पर आक्रोशः संयम लोढ़ा के नेतृत्व में कांग्रेस का पैदल मार्च, आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग तेज
PALI SIROHI ONLINE
सिरोही-शिवगंज में पिछले दस दिनों से अलग-अलग स्थानों पर गोवंश के कटे सिर मिलने की घटनाओं ने पूरे क्षेत्र में आक्रोश का माहौल पैदा कर दिया है। इस मुद्दे को लेकर गुरुवार को कांग्रेस कार्यालय में पूर्व विधायक एवं पूर्व मुख्यमंत्री सलाहकार संयम लोढ़ा के सानिध्य में महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।
बैठक में गौहत्या के आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग उठी, वहीं क्षेत्र की विभिन्न जनसमस्याओं को लेकर भी सरकार और प्रशासन पर सवाल खड़े किए गए। बैठक के बाद कांग्रेस पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और गौभक्तों ने शहर में पैदल मार्च निकालकर जोरदार प्रदर्शन किया।
गौहत्या की घटनाओं पर कांग्रेस का आक्रोश
कांग्रेस कार्यालय में आयोजित बैठक में पार्टी पदाधिकारी, कार्यकर्ता, गौसेवक और नगर के गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। बैठक में वक्ताओं ने लगातार सामने आ रही गौहत्या की घटनाओं पर गहरी चिंता जताते हुए पुलिस प्रशासन से जल्द कार्रवाई की मांग की।
सभा को संबोधित करते हुए संयम लोढ़ा ने कहा कि गौमाता केवल धार्मिक आस्था का विषय नहीं बल्कि भारतीय संस्कृति और ग्रामीण जीवन का अभिन्न हिस्सा हैं। उन्होंने कहा कि गाय के नाम पर राजनीति नहीं होनी चाहिए और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
नंदीशाला और भाजपा पर लगाए गंभीर आरोप
संयम लोढ़ा ने अपने संबोधन में भाजपा सरकार पर कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के समय सिरोही की नंदीशाला के लिए 4.5 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए थे और राशि वर्ष 2023 में खाते में पहुंच गई थी, लेकिन वर्तमान सरकार ने उस राशि को धीरे-धीरे जारी किया। उन्होंने आरोप लगाया कि इसमें बेईमानी की मंशा दिखाई देती है।
लोढ़ा ने भाजपा के वर्ष 2014 के घोषणापत्र का उल्लेख करते हुए कहा कि गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने का वादा आज तक पूरा नहीं किया गया। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि गौमांस निर्यात से जुड़ी कंपनियों से भाजपा को भारी चंदा मिलता है तथा मांस काटने वाली मशीनों पर सब्सिडी दी जा रही है।
राजनीतिक मुद्दों पर भी साधा निशाना
बैठक के दौरान संयम लोढ़ा ने वर्तमान राजनीतिक परिस्थितियों पर भी टिप्पणी की। उन्होंने पश्चिम बंगाल चुनाव का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि वहां लाखों नाम वोटर लिस्ट से हटाकर सत्ता हासिल करने का प्रयास किया गया।
राजस्थान में निकाय एवं पंचायतीराज चुनावों को लेकर उन्होंने कहा कि वे स्वयं न्यायालय में संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन अब तक केवल सुनवाई की तारीखें ही मिल रही हैं।
शिवगंज बंद और चुंगी नाका प्रकरण का उठाया मुद्दा
‘नोट टू द एडिटर’ के रूप में जुड़े मुद्दों पर बोलते हुए लोढ़ा ने शिवगंज बंद समझौते का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि 15 मई के बाद संबंधित अधिकारियों को हटाने की बातें कही जा रही हैं, लेकिन चुंगी नाका प्रकरण में हुए कथित लेनदेन का जवाब कौन देगा।
उन्होंने रामझरोखा जमीन प्रकरण में भाजपा, आरएसएस और अन्य संबंधित लोगों की मिलीभगत होने का भी आरोप लगाया।
जनहित के मुद्दों पर कांग्रेस की प्राथमिकता बताई
लोढ़ा ने कहा कि उनका उद्देश्य केवल जनहित से जुड़े मुद्दों-चिकित्सा, शिक्षा, स्वच्छता और पेयजल-पर काम करना है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस शासनकाल में शिवगंज में जिला अस्पताल, कई कॉलेज, 50 से अधिक उच्च माध्यमिक विद्यालय और जवाई बांध से जलापूर्ति जैसी महत्वपूर्ण सुविधाएं शुरू करवाई गई थीं।
उन्होंने मनरेगा की वर्तमान स्थिति पर चिंता जताते हुए कहा कि मजदूरों को पर्याप्त काम नहीं मिल रहा और वे बेरोजगार बैठे हैं।
चिलचिलाती धूप में निकला पैदल मार्च
बैठक के बाद सभी की सहमति से संयम लोढ़ा के नेतृत्व में कांग्रेस पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और गौभक्तों ने कांग्रेस कार्यालय से पैदल मार्च निकाला। मार्च के दौरान “गौ माता बचाओ, हत्यारों को गिरफ्तार करो” जैसे नारे लगाए गए।
यह पैदल मार्च कांग्रेस कार्यालय से शुरू होकर पुराने बस स्टैंड, मुख्य बाजार और गोल बिल्डिंग होते हुए पुनः कांग्रेस कार्यालय पहुंचा। तेज गर्मी और चिलचिलाती धूप के बावजूद बड़ी संख्या में लोग मार्च में शामिल हुए और पूरे शहर में नारों की गूंज सुनाई देती रही।
इन नेताओं और कार्यकर्ताओं ने रखे विचार
इस अवसर पर पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष वजिंग राम घांची, प्रवीण रावल, कुशल देवड़ा, प्रकाश मीणा, सुमित कुमार, डॉ. हनवंत सिंह सहित अन्य वक्ताओं ने भी सभा को संबोधित किया और गौहत्या की घटनाओं पर चिंता व्यक्त करते हुए प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की मांग की।

