बहुचर्चित गणपत सिंह मांडोली हत्याकांड का खुलाशा, एक महिला समेत तीन गिरफ्तार, RPS भूपेंद्रसिंह को जांच देना हुआ कारगर साबित
PALI SIROHI ONLINE
खीमाराम मेवाडा/पिन्टु अग्रवाल
जालोर-जालोर के बहुचर्चित गणपत सिंह हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा करते हुए महिला समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। बताया जा रहा है कि ब्लैकमेलिंग को लेकर यह हत्या की गई थी।
घटना रामसीन थाना क्षेत्र के मांडोली गांव की थी।
मांडोली में करीब 18 महीने पहले गणपत सिंह की हत्या हुई थी। इसके बाद परिजनों ने कई बार जालोर जिला कलेक्ट्रेट और रामसीन थाना के सामने धरना दिया। तब पुलिस के उच्च अधिकारियों ने मामले के खुलाशे के लिए RPS अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भूपेंद्र सिंह को खुलाशे के लिए जांच दी, ओर RPS अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भूपेंद्र सिंह ने भी उच्च अधिकारियों के भरोसे को कायम रखते हुए चुनोती पूर्वक मामले की जांच की ओर एक महिला सहित 3 आरोपियों को पकड़ कर चर्चित हत्याकांड का खुलाशा करने में सफलता पाई।
पुलिस ने रामसीन थाना क्षेत्र में मांडोली के रहने वाले गजेन्द्रसिंह पुत्र सुरेन्द्रसिंह, वागाराम पुत्र कानाराम, लच्छु देवी पत्नी सवाराम को गिरफ्तार किया है।
गौरतलब है कि रामसीन थाना क्षेत्र में 18 माह पूर्व गणपत सिंह मांडोली हत्या प्रकरण को लेकर परिजन भूख हड़ताल पर कई बार बैठे वहीं पुलिस द्वारा प्रकरण का खुलासा करने के लिए जोधपुर पुलिस महानिरीक्षक के निर्देशन में जालौर जिला पुलिस अधीक्षक शैलेंद्र सिंह इंडोलिया ने इस प्रकरण को गंभीरता एवं घटना के 18 माह बाद भी खुलासा नहीं होने से उक्त प्रकरण की जांच अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भूपेंद्र सिंह त्वरित अनुसंधान निस्तारण दल जालौर के जिम्मे दी। आईपीएस भूपेंद्र सिंह व उनकी टीम ने 18 माह पूर्व हत्याकांड को खोलने के लिए जिम्मेदारी पूर्वक और प्रत्येक पहलू पर तकनीकी सहायता गुप्त रूप से आसूचना संकलन कर वह पूर्व में जांच में आए साक्ष्यों का गहनता से अध्ययन करते हुए संदिग्धों को निगरानी रखकर संदिग्धों के मोबाइल के कॉल के नंबरों की कॉल डिटेल का पुनः गहनता से विश्लेषण कर 18 माहपूर्व हुए हत्याकांड का खुलासा करने में सफलता पाई है इस हत्याकांड के खुलासे के बाद त्वरित अनुसंधान निस्तारण दल जालौर के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भूपेंद्र सिंह के प्रयासों की चौतरफा सराहना हो रही है गौरतलब है कि आईपीएस भूपेंद्र सिंह द्वारा पाली जिले में नियुक्ति के दौरान भी कई मामलों को खोल उपलब्धियां हासिल कर चुके है।
कीचड़ में शव मिला था, सिर पर चोट
व्यापारी के बड़े भाई अभय सिंह ने रिपोर्ट में बताया था- मेरा भाई गणपत सिंह (42) निवासी मांडोली नगर (जालोर) 27 अगस्त 2024 की शाम दुकान से घर के लिए निकला था। रात तक घर नहीं लौटा तो हमने रामसीन थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करवाई। अगले दिन 28 अगस्त को सिकवाड़ा रोड पर सुनसान जगह उनकी लाश मिली। उनका शव कीचड़ में पड़ा मिला था। सिर पर चोट के निशान थे और पास में ही बाइक गिरी हुई थी। जांच में पुलिस ने हत्या की आशंका जताई थी।

