नाबालिग रेप पीड़िता को कोर्ट ने अबॉर्शन की अनुमति दी,पीड़िता 7 माह की गर्भवती
PALI SIROHI ONLINE
सिरोही-हाईकोर्ट की जोधपुर मुख्यपीठ ने 16 साल की नाबालिग रेप पीड़िता के अबॉर्शन की अनुमति दी है। जस्टिस मुकेश राजपुरोहित की एकल पीठ ने 22 मई को फैसला सुनाया।
पीड़िता के दादा ने 18 मई को हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। पीड़िता जिले की रहने वाली है। उसके साथ रेप हुआ। पॉक्सो के तहत केस दर्ज हुआ। घरवालों को 27 सप्ताह 4 दिन का गर्भ होने के बाद जानकारी मिली। याचिका पर कोर्ट ने 18 मई को पहले सिरोही में मेडिकल बोर्ड बनवाया। उसी दिन मेडिकल कॉलेजजोधपुर में भी मेडिकल बोर्ड का गठन कराया। मेडिकल बोर्ड की रिपोर्ट में बताया कि पीड़िता को गंभीर एनीमिया है। गर्भ 7 माह का है। खतरा ज्यादा है। विशेषज्ञ डॉक्टरों की निगरानी में अबॉर्शन करना ठीक रहेगा। पीड़िता ने अदालत के सामनेअबॉर्शन की इच्छा जताई। याचिकाकर्ता की ओर से एडवोकेट सपना वैष्णव ने पैरवी की। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के अलग-अलग फैसलों का हवाला दिया। नाबालिग को अनचाहा गर्भ ढोने के लिए मजबूर करना उसके अधिकारों का हनन है।
