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खीमाराम मेवाडा
रंगों का त्योहार धुलंडी को धूमधाम से मनाया, नन्हे मुन्ने दूल्हे राजाओं ने होलिका के खाए फेरे
होली का खूंटा रोपण के एक महीना बाद सोमवार शाम को परंपरागत रूप से हुआ होलिका दहन
आगामी वर्ष गेहुंआ,चना,मुंग और चवला की अच्छी फसल का लगाया अनुमान
तखतगढ 3 माचॅ (खीमाराम मेवाडा)
तखतगढ कस्बे के गोगरा रोड स्थित होली चौक पर एक माह पूर्व सदियों से चली आ रही परंपरा के अनुसार माघ सुदी पूर्णिमा को खूंटा रोपण के बाद सोमवार को फाल्गुन सुदी चौदस की शाम को फाल्गुन गीतों की धुम एवं ढोल थाली की झनकारो के साथ वितिवत मंत्रोनुसार मिट्टी के कलश में सात धान भरकर जमीन में गाड धूमधाम से होलिका दहन किया गया। सोमवार शाम पटवार भवन में पटवारी रमेश कुमार चौधरी, गांव चौधरी हिराराम, प्रतिहार नाथूराम मेघवाल के सान्निध्य में नगर वासियों एवं पौडत निर्मल शास्त्री पूजा सामग्री लेकर ढोल थाली की झनकारो के साथ पटवार भवन से रवाना होकर होली चौक पहुंचे,
जहां चांदरामाता चरणों में नारियल की जोत जलाकर पूजा अर्चना के बाद पंडित निर्मल शास्त्री द्वारा नगर वासियों की उपस्थिति में मिट्टी के कलश में विधिवत मंत्रोनुसार सात धान भरकर कलश को खूंटे के पास जमीन में गाड नारियल की जोत जलाकर होली की पूजा अर्चना के साथ 8:30 बजे हजारों की तादाद में उपस्थित सनातन धर्म प्रेमियों एवं नगर वासियों की मौजूदगी में ढोल थाली की झनकारो के साथ धूमधाम से होली का दहन किया गया। इस मौके पर नगर पालिका निवतॅमान उपाध्यक्ष मनोज नामा, व्यापार संघ एव चांदरा माता मंन्दिर ट्रस्ट के अध्यक्ष मनरूपमल सुथार, भबुतमल सुथार, रामसिंह, वीराराम चौधरी, मोहनलाल चौधरी, पुखराज घांची,रमेश राठौड, सहित हजारो की तादात मे नगर वासी मौजूद रहे।
दूसरे दिन शुक्रवार सुबह से ही नगर के हर गली मोहल्ले में युवाओं एवं युवतियों सहित जनप्रतिनिधियों विभिन्न राजनीतिज्ञ पार्टी कार्यकर्ताओं एवं समाज सेवायों द्वारा मुख्य बाजार में अलग-अलग टोलिया बनाकर एक दूसरे पर रंग-बिरंगे गुलाल से तिलक लगाकर रंगों का त्योहार धुलंडी को धूमधाम से मनाते हुए होली की शुभकामना देने का दिन भर सिलसिला जारी रहा मौके पर तखतगढ़ थाना हेड कांस्टेबल पदमाराम सहित पुलिस जाप्ता मौजूद रहा।
— नन्हे मुन्ने दूल्हे राजाओं ने होलिका के खाए फेरे,
वहीं दूसरी तरफ नगर के हर घर में नव विवाहिता के प्रथम पुत्र प्राप्ति होने पर मंगलवार सुबह हर घर से नन्हें मुन्ने दूल्हे राजाओं को राजस्थानी परंपरागत सज धज कर अपने अपने परिवार सहित ‘तोरण आयो भायो के उंगोणा जैसे महिलाओं द्वारा मंगल गीतों की धुन मचाते हुए हुए कोई ट्रैक्टर ट्राली में तो कोई ढोल थाली की झनकारो के साथ दूल्हे की बारात लेकर चांदरा माता मंदिर पहुंचे। दूल्हे राजाओ के वदावना के बाद ढोल थाली की गुंजायमान के साथ होलिका दहन सथल पर सात फेरे खाए। तत्पश्चात बारात पुनः घर लौटते समय मुख्य बाजार महाराणा प्रताप चौक पर स्थापित किए गए इलोजी देवता के भी दर्शन किए। दरमियांन कई नव विवाहिताओं ने पुत्र प्राप्ति को लेकर इलोजी देवता को नारियल की जोत जलाकर पुत्र प्राप्ति की मन्नते मांगी है।
आगामी वर्ष गेहूं चना मुंग एवं चवला की अच्छी फसल होने का सटीक अनुमान
तखतगढ़ में सदियों से चली आ रही
अनुसार सोमवार शाम को होलिका दहन स्थल पर सात धान भरकर जमीन में गाडे मिट्टी के कलश को निकालकर आगामी वर्ष गेहूं चना मुंग एव चवला की अच्छी फसल होने का सटीक अनुमान लगाया गया है। होली दहन के बाद मंगलवार दोपहर 2:00 बजे शुभ मुहूर्त में पंडित निर्मल शास्त्री, के सानिध्य में गांव चौधरी हीराराम प्रतिहारी नाथूराम मेघवाल, मोहनलाल चौधरी संहित नगर के प्रबुद्धजनो की उपस्थिति में जमीन में गाडे मिट्टी के कलश को निकालकर श्री कुदैश्वर महादेव मंदिर प्रांगण लेकर पहुंचे। जहां कलश को खोलकर सात धान को थाली मे निकाल कर सभी धान को देखा गया जिसमे गेहूं चना मुंग एवं चवला पिगलने पर आगामी वर्ष अच्छी फसल होने का सटीक अनुमान लगाया गया।


