ओवन पद्धति से होगी अफीम की जांच,बढ़ सकती है किसानों की चिंता

PALI SIROHI ONLINE

चित्तौड़गढ़। केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो की ओर से आगामी 7 अप्रैल से ही अफीम का तौल किया जाना है। लेकिन इस बार पुनः अफीम तौल के दौरान जांच पद्धति में बदलाव होने से किसानों की चिंता बढ़ सकती है।

इस वर्ष पुनः ओवन पद्धति से अफीम की जांच तौल केंद्र पर हो सकती है, जिसमें मिलावट की शिकायत होने पर अफीम लाइसेंस कटने की संभावनाएं बढ़ जाती है।
जानकारी में सामने आया है कि अफीम वर्ष 2020-21 को लेकर अफीम तोल की तिथि वित्त मंत्रालय के निर्देश के बाद केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो की ओर से जारी कर दी गई है। राजस्थान में सबसे अधिक अफीम के लाइसेंस चित्तौड़गढ़ जिले में है। ऐसे में चित्तौड़गढ़ जिले में अफीम किसानों को तीन खंड में विभक्त किया गया है जिसमें 15 हजार से अधिक किसानों की अफीम का तौल होना है। वही चित्तौड़गढ़ जिला मुख्यालय की बात की जाए तो यहां पर दो स्थानों पर तोल होगा प्रथम केंद्र पर 300 गांव की 52 100 किसानों की अफीम का टोल होगा तो वहीं द्वितीय सेंटर पर 189 गांव के 4601 किसानों की अफीम का तोल होगा 18 अप्रैल रिज़र्व दिन भी रखा गया है केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो ग्वालियर की ओर से आगामी 7 अप्रैल से ही अफीम का तौल करने के आदेश जारी किए गए हैं। इन आदेशों की पालना में चित्तौड़गढ़ जिला मुख्यालय पर दो तथा निंबाहेड़ा में एक खंड के किसानों की अफीम के तौल को लेकर तैयारियां की जा रही है। लेकिन इस वर्ष केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो ग्वालियर ने आदेश जारी किया है कि ओवन पद्धति से ही अफीम की जांच हो। पूर्व के वर्षों में ओवन पद्धति से तौल केंद्र पर सैंपल लेकर अफीम की जांच होती रही है। ऐसे में किसानों की अफीम लाइसेंस कटने की संभावनाएं बढ़ जाती है। लेकिन गत वर्ष कोरोना संक्रमण के चलते बड़ी मुश्किल से सरकार ने अफीम तौल की अनुमति दी थी। इस दौरान काफी सख्ती बरती गई। अधिक संख्या में किसानों को तौल केंद्र पर नहीं रोक सकते थे। इसके चलते नारकोटिक्स ब्यूरो ने हाथ से ही (मैन्युल पद्धति से) अफीम की जांच के आदेश दिए थे। ऐसे में तौल केन्द्र पर किसानों की अफीम की जांच केवल हाथ से हुई थी। इस बारे में उप नारकोटिक्स आयुक्त कोटा विकास शर्मा ने बताया कि इस वर्ष केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो ने आदेश जारी कर दिया है, जिसके अनुसार अफीम तौल केंद्र पर ओवन से ही अफीम की जांच की जाएगी। इस सम्बंध में जहां भी अफीम का तौल होना है वहां के जिला अफीम अधिकारियों को निर्देश जारी कर दिए हैं।