तखतगढ-एमएसपी पर गेहूं खरीद को लेकर पाली जिले में ऐतिहासिक उत्साह, प्रशासनिक सहयोग से व्यवस्था और होगी सुदृढ़
PALI SIROHI ONLINE
खीमाराम मेवाडा
एमएसपी पर गेहूं खरीद को लेकर पाली जिले में ऐतिहासिक उत्साह, प्रशासनिक सहयोग से व्यवस्था और होगी सुदृढ़
तखतगढ 18 मार्च (खीमाराम मेवाडा) भारतीय खाद्य निगम द्वारा रबी विपणन सत्र में न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर गेहूं खरीद के लिए जिला पाली में इस वर्ष अभूतपूर्व उत्साह देखने को मिल रहा है। तखतगढ़, सांडेराव, सुमेरपुर एवं बाली—चारों खरीद केंद्रों पर किसानों द्वारा कराए जा रहे पंजीकरण ने न केवल निर्धारित खरीद क्षमता को पार किया है, बल्कि सरकारी खरीद प्रणाली के प्रति मजबूत विश्वास को भी प्रदर्शित किया है।
केंद्रवार पंजीकरण की वर्तमान स्थिति इस प्रकार है—
- तखतगढ़ (खरीद क्षमता 3000 एमटी): 592 किसानों द्वारा 9671 एमटी पंजीकरण (क्षमता से तीन गुना से अधिक)
- सांडेराव (खरीद क्षमता 1000 एमटी): 118 किसानों द्वारा 1841 एमटी पंजीकरण
- सुमेरपुर (खरीद क्षमता 1000 एमटी): 94 किसानों द्वारा 1580 एमटी पंजीकरण
- बाली (खरीद क्षमता 1000 एमटी): 15 किसानों द्वारा 208 एमटी पंजीकरण
भारत सरकार द्वारा घोषित ₹2585 प्रति क्विंटल के न्यूनतम समर्थन मूल्य के साथ राज्य सरकार द्वारा ₹150 प्रति क्विंटल अतिरिक्त बोनस दिए जाने से कुल MSP ₹2735 प्रति क्विंटल हो गया है, जो किसानों को सुरक्षित एवं लाभकारी मूल्य प्रदान कर रहा है। इसके साथ ही, विगत वर्ष सुमेरपुर एवं तखतगढ़ केंद्रों पर औसतन 24 घंटे के भीतर भुगतान सुनिश्चित किए जाने से किसानों का भरोसा और अधिक सुदृढ़ हुआ है। इस वर्ष भी अधिकतम 48 घंटे में भुगतान की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है।
गुणवत्ता निरीक्षकों के सकारात्मक वक्तव्य
- कौशल कुमारी, गुणवत्ता निरीक्षक, सुमेरपुर ने बताया कि केंद्र पर सभी व्यवस्थाएं सुचारू हैं तथा किसानों को पारदर्शी प्रक्रिया के माध्यम से त्वरित एवं समयबद्ध भुगतान उपलब्ध कराया जाएगा।
- चेतन प्रकाश यादव, गुणवत्ता निरीक्षक, बाली ने कहा कि केंद्र पर जागरूकता लगातार बढ़ रही है तथा प्रशासनिक सहयोग से पंजीकरण में आने वाले दिनों में उल्लेखनीय वृद्धि की संभावना है।
- दिलीप स्वामी, गुणवत्ता निरीक्षक, तखतगढ़ एवं सांडेराव ने बताया कि दोनों केंद्रों पर किसानों का उत्साह अत्यधिक है और निगम द्वारा गुणवत्ता मानकों के अनुरूप पारदर्शी खरीद एवं समयबद्ध भुगतान सुनिश्चित किया जाएगा।
प्रशासनिक सहयोग से व्यवस्था होगी और मजबूत
जिला प्रशासन एवं राज्य सरकार के संबंधित विभागों द्वारा खरीद व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने हेतु निरंतर सहयोग प्रदान किया जा रहा है। मंडी प्रशासन, राजस्व विभाग एवं स्थानीय प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित कर व्यवस्थाओं को और प्रभावी बनाया जा रहा है। आवश्यकता अनुसार अतिरिक्त संसाधन, मानवबल एवं आधारभूत सुविधाओं के विस्तार की भी पूरी संभावना है, ताकि बढ़ते पंजीकरण के अनुरूप किसानों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
मंडल प्रबंधक की अपील
श्री राकेश कुमार, मंडल प्रबंधक, भारतीय खाद्य निगम द्वारा सभी किसानों से अपील की गई है कि वे अधिक से अधिक संख्या में पंजीकरण करवाकर न्यूनतम समर्थन मूल्य योजना का लाभ उठाएं। निगम द्वारा यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि प्रत्येक किसान को पारदर्शी, सुव्यवस्थित एवं समयबद्ध खरीद प्रक्रिया का लाभ प्राप्त हो।
कटाई एवं खरीद की संभावित समयरेखा
सभी केंद्र प्रभारियों द्वारा किसानों को पंजीकरण एवं विक्रय संबंधी आवश्यक जानकारी निरंतर प्रदान की जा रही है। वर्तमान में क्षेत्र में गेहूं की कटाई प्रारंभ हो चुकी है तथा शीघ्र ही नवीन गेहूं की आवक प्रारंभ होने की संभावना है। कटाई उपरांत अनाज के उचित रूप से सूखने के पश्चात किसानों द्वारा मंडियों एवं खरीद केंद्रों पर आवक बढ़ेगी। ऐसे में 1 अप्रैल से खरीद कार्य का सुचारू रूप से प्रारंभ होना संभावित है।
भारतीय खाद्य निगम द्वारा यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि खरीद प्रारंभ होते ही सभी व्यवस्थाएं पूर्ण रूप से क्रियाशील रहें, जिससे किसानों को निर्बाध एवं सुविधाजनक खरीद प्रक्रिया का लाभ मिल सके।
