• March 20, 2026

बाली- दिखा ईद-उल-फितर का चांद, कल हर्षोल्लास से मनाई जाएगी ईद

PALI SIROHI ONLINE

सेवाड़ी में दिखा ईद-उल-फितर का चांद, दिनांक 21/3/2026 हर्षोल्लास से मनाई जाएगी ईद
रमजान के आखिरी अशरे में ऐतकाफ करने वाले शाहिल रजा का मुस्लिम समाज ने किया सम्मान

रिपोर्टर – मोहसिन खान बाली

बाली-सेवाड़ी गांव में गुरुवार शाम ईद-उल-फितर का चांद नजर आते ही पूरे मुस्लिम समाज में खुशी और उत्साह की लहर दौड़ गई। चांद दिखाई देने के साथ ही गांव की मस्जिदों और मोहल्लों में मुबारकबादों का सिलसिला शुरू हो गया। लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की शुभकामनाएं दीं और शुक्रवार को ईद-उल-फितर का त्योहार पूरे हर्षोल्लास, भाईचारे और धार्मिक श्रद्धा के साथ मनाने की तैयारियां तेज कर दीं। गांव में देर शाम तक ईद की रौनक और उत्साह का माहौल देखने को मिला।

रमजान माह के मुकद्दस दिनों के समापन के साथ ईद का चांद नजर आना मुस्लिम समाज के लिए बेहद खास और खुशी का पल माना जाता है। सेवाड़ी में भी जैसे ही चांद दिखा, बच्चों, युवाओं और बुजुर्गों के चेहरों पर खुशी साफ झलकने लगी। घर-घर में ईद की तैयारियां तेज हो गईं। महिलाओं ने घरेलू तैयारियों को अंतिम रूप देना शुरू किया, वहीं बच्चों और युवाओं में नए कपड़ों, सेवइयों और ईद की नमाज को लेकर विशेष उत्साह दिखाई दिया।

इस मौके पर गांव में रमजान के आखिरी अशरे में मस्जिद में ऐतकाफ में बैठे शाहिल रजा का मुस्लिम समाज की ओर से विशेष सम्मान किया गया। शाहिल रजा ने पूरे 10 दिन तक मस्जिद में रहकर इबादत, तिलावत और दुआओं में समय बिताया। उन्होंने रमजान के इन बरकत वाले दिनों में अल्लाह की बारगाह में गांव, समाज, मुल्क और पूरी इंसानियत की सलामती, अमन-चैन और खुशहाली के लिए दुआएं मांगीं। ऐतकाफ को इस्लाम में बेहद फजीलत वाला अमल माना जाता है और रमजान के आखिरी दिनों में मस्जिद में रहकर इबादत करना बड़ी सआदत की बात मानी जाती है।

ईद का चांद नजर आने के बाद मुस्लिम समाज के लोगों ने शाहिल रजा का इस्तकबाल करते हुए उन्हें माला पहनाकर सम्मानित किया। इस दौरान उपस्थित लोगों ने उन्हें मुबारकबाद दी और उनकी इबादत को समाज के लिए प्रेरणादायक बताया। माहौल पूरी तरह धार्मिक आस्था, अपनत्व और भाईचारे से सराबोर नजर आया। गांव के लोगों ने कहा कि रमजान का महीना सब्र, इबादत, रहमत और बरकत का पैगाम देता है, वहीं ईद का त्योहार आपसी प्रेम, मेल-मिलाप और खुशियों को बांटने का संदेश देता है।

इस अवसर पर सेवाड़ी मुस्लिम समुदाय के सदर रशीद कुरैशी, दिलावर सिलावट, रफीक खान, रफीक कंडिया, मुराद खान, बाबू खान मोईला, इंसाफ खान, अबरार सिलावट, फिरोज सिलावट, इंसाफ अली, नियाज खान सहित समाज के अनेक गणमान्य लोग मौजूद रहे। वहीं गांव के मौलाना फारूक आलम रिजवी ने भी शाहिल रजा को माला पहनाकर सम्मानित किया और उनके लिए विशेष दुआ की। उपस्थित लोगों ने कहा कि रमजान के पाक महीने में ऐतकाफ करने वाले लोग समाज के लिए एक मिसाल होते हैं, जो इबादत और नेक अमल के जरिए नई पीढ़ी को धार्मिक मूल्यों से जोड़ने का काम करते हैं।

गांव में चांद दिखने के साथ ही ईद की तैयारियां देर रात तक जारी रहीं। बाजारों और घरों में चहल-पहल बढ़ गई। मुस्लिम परिवारों में सेवइयां, मिठाइयां और पारंपरिक पकवानों की तैयारियां शुरू हो गईं। बच्चों में ईदी को लेकर खास उत्साह देखा गया, जबकि बुजुर्गों ने ईद की नमाज और एक-दूसरे से मुलाकात की तैयारियों को अंतिम रूप दिया। शुक्रवार सुबह ईदगाह और मस्जिदों में ईद की नमाज अदा की जाएगी, जिसके बाद लोग एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद देंगे।

सेवाड़ी गांव में ईद का चांद दिखाई देने के साथ ही पूरा माहौल खुशियों, इबादत, भाईचारे और सौहार्द से सराबोर हो गया। मुस्लिम समाज के लोगों ने इसे अल्लाह की रहमत और बरकत का दिन बताते हुए सभी के लिए अमन, तरक्की और खुशहाली की दुआ की।

https://youtu.be/tPsGrn4Rmcg?si=dsVXaP5LlfORLv6A/

वीडियो

About The Author

You cannot copy content of this page