राजस्थान में 20-21 मई को BJP राष्ट्रीय पदाधिकारियों की बैठक: चुनावी राज्यों की रणनीति होगी तैयारी, मोदी-शाह नड्डा का होगा संबोधन

PALI SIROHI ONLINE

जयपुर। BJP के राष्ट्रीय पदाधिकारियों की 2 दिवसीय बैठक राजस्थान की राजधानी जयपुर में 20 और 21 मई को होगी। गुजरात, हिमाचल प्रदेश, कर्नाटक, राजस्थान, मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ राज्यों में आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों पर इस बैठक में चर्चा होगी। BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा की अध्यक्षता में होने वाली इस बैठक में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह भी शामिल होंगे। प्रधानमंत्री समेत तीनों नेताओं का सम्बोधन जयपुर की बैठक में होगा। पार्टी सूत्रों के मुताबिक मोदी-शाह नड्डा के व्यक्तिगत रूप से बैठक में शामिल होने का प्रोग्राम प्रस्तावित है। यदि कोई अपरिहार्य कारण बनते हैं तो वीसी से भी बैठक में वे जुड़ सकते हैं।

बैठक में चुनावी रणनीति के साथ मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों पर चर्चा होगी। पार्टी के सभी राष्ट्रीय महासचिव, सचिव, उपाध्यक्ष और चुनावी राज्यों के प्रभारी इस बैठक में हिस्सा लेने जयपुर आएंगे। यह BJP की हाईलेवल मीटिंग रहेगी।जिसमें चुनावी नजरिए से राजनीतिक समीकरण साधने, जरूरी फेरबदल और 2023 के विधानसभा चुनाव में पार्टी संगठन को मजबूती देने पर चर्चा होगी। चुनावी राज्यों के प्रदेश अध्यक्षों और महासचिवों को अपने-अपने प्रदेशों में आगामी दिनों में होने वाले आंदोलनों, कार्यक्रमों और अभियानों की डिटेल तैयार करके लाने को कहा गया है। JECC कंवेंशन सेंटर सीतापुरा समेत कुछ ऑडिटोरियम और 5 सितारा होटलों को वेन्यू के लिए देखा जा रहा है।

राजस्थान में बैठक के सियासी मायने

राजस्थान में गहलोत की कांग्रेस सरकार है। एरिया के लिहाज से यह देश का सबसे बड़ा प्रदेश है। राजस्थान में लगातार हो रही साम्प्रदायिक घटनाओं, लिंचिंग और उपद्रवों के साथ ही मंदिरों में तोड़फोड़ की घटनाओं, महिला और दलित अत्याचारों, अपराधों को बीजेपी राजस्थान के साथ देशभर में मुद्दा बना रही है। हिन्दुत्व के एजेंडे के साथ चल रही BJP को कांग्रेस के खिलाफ माहौल बनाने के लिए राजस्थान सबसे सटीक जगह लग रही है। प्रदेश में अगले साल विधानसभा चुनाव-2023 की तैयारियां पार्टी शुरू कर चुकी है। कांग्रेस का राष्ट्रीय चिन्तन शिविर भी 13 से 15 मई तक राजस्थान के उदयपुर में रखा गया है। इसलिए राजस्थान में BJP के राष्ट्रीय पदाधिकारी आकर रणनीति के साथ गहलोत सरकार और कांग्रेस को घेरेंगे।