चप्पे-चप्पे पर पुलिस, 100 का बिकने वाला दूध 30-35 में बिका

PALI SIROHI ONLINE

जोधपुर। न जाने जोधपुर को किसकी नजर लग गई। अपने जिंदादिली के लिए मशहूर इस शहर को नफरत की आग में झोंकने की ऐसी साजिश रची गई कि हर ओर खौफ और सन्नाटा पसरा है यह सन्नाटा पुलिस की हुटर बजाती गाड़ियां तोड़ रही हैं। पुराना जोधपुर पूरी तरह बंद है।

यहां से गुजरने वाले हर शख्स की जांच की जा रही है। खिड़की की ओट से झांकते चेहरे खौफजदा है। गलियों सूनी पड़ी है। जो शहर आधी रात के बाद भी गुलजार रहता था, अब वहां की सड़कों पर भरी दोपहरी खामोशी पसरी है। बुधवार को जोधपुर के पुराने शहर के हालात का जायजा लेने निकला तो तस्वीरें कुछ ऐसी ही थीं। दंगों की आग का जख्म हर चेहरे पर दिख रहा है।

कारोबार ठप है। लोग घरों में कैद हैं। यूं शुरू हुआ विवाद सोमवार रात जालोरी गेट पर स्वतंत्रता सेनानी बालमुकुंद बिरसा की प्रतिमा पर झंडा लगाने से शुरू हुआ विवाद मंगलवार को बढ़ता ही गया। बुधवार सुबह माहौल तो शांत था, लेकिन पूरा शहर पुलिस की निगरानी में रहा। जालोरी गेट….जहां दिनभर लोगों की आवाजाही लगी रहती थी, वह पूरा इलाका छावनी में तब्दील है।

जालोरी गेट- यहां तैनात फोर्स हर आने-जाने वालों की जांच कर रही थी। उनसे पूछताछ हो रही थी। जो जायज कारण नहीं बता पा रहे थे, उन्हें लौटाया जा रहा था। पुलिस की इस सख्ती के बाद शहर की सभी गलिया भी सुनसान हो चुकी हैं। बुधवार को डीसीपी समेत कई पुलिस अधिकारियों ने शहर में मार्च किया लोगों को बाहर नहीं निकलने की चेतावनी भी दी। 48 घंटे से सो नहीं पाया जोधपुर जोधपुर का भीतरी शहर कहा जाता है कि ये इलाके न कभी रुके हैं, न ही यहां चहल-पहल कभी कम हुई है। आज इन इलाकों में सचाटा है। 48 घंटों से जोधपुर सो नहीं पाया है। बुधवार को सर्किट हाउस में शांति समिति की बैठक बुलाई गई। लेकिन, बीजेपी समेत अन्य संगठनों ने इसका बहिष्कार कर दिया।

शांति समिति की बैठक का बहिष्कार

जोधपुर में बिगड़े हालात के बाद प्रशासन की ओर से बुधवार दोपहर करीब साढ़े बारह बजे सर्किट हाउस में शांति समिति की बैठक बुलाई गई। इसमें कांग्रेस से बीडी कल्ला ओ बीजेपी विधायक सूर्यकांता व्यास समेत दोनों पार्टियों के प्रतिनिधि मौजूद थे। वार्ता शुरू होने से पहले ही बीजेपी विधायक सूर्यकांता व्यास समेत अन्य पदाधिकारियों ने इसका बहिष्कार कर दिया। विधायक का कहना था कि स्वतंत्रता सेनानी की प्रतिमा को ढकने वाले उपद्रवी वीडियो और फोटो में साफ नजर आ रहे हैं। इसके बाद भी उनकी गिरफ्तारी नहीं हुई है। उन्होंने मांग रखी कि पहले इन आरोपियों की गिरफ्तारी हो और निर्दोष को छोड़ा जाए। विधायक ने कहा कि हम बातचीत करने को तैयार हैं। पहले पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी हो और इसके बाद बातचीत करेंगे।

दूध आधे रेट पर बिका आम तौर पर कर्फ्यू होने पर दूध व सब्जियां महंगी हो जाती हैं। पहली बार जोधपुर में रातों रात दूध के भाव आधे हो गए। यह पहली बार था कि धूम सावों में चौहटे पर दूध 60 से 70 रुपए लीटर की जगह 30 से 35 रुपए प्रति लीटर तक में बिका बताया जाता है कि सावों में डिमांड बढ़ने पर दूध के रेट 100 रुपए प्रति लीटर तक भी पहुंच जाता है। मंगलवार को हुए दंगे के बाद कई व्यापारियों को इसका नुकसान उठाना पड़ा।

सबसे ज्यादा स्कूल स्टूडेंट परेशान कर्फ्यू का सबसे ज्यादा असर स्कूल स्टूडेंट पर पड़ा रहा। बुधवार को कई कक्षाओं की परीक्षा भी थी स्कूलों से इस संबंध में किसी भी प्रकार के निर्देश नहीं मिले थे। ऐसे में स्कूली बच्चे डरते-डरते अपने घरों से स्कूल जा रहे थे। इस कर्फ्यू का असर जोधपुर घूमने आए मेहमानों पर भी नजर आया मेहमान नवाजी के लिए फेमस जोधपुर में पहली बार ऐसे माहौल बिगड़ने से यहां आए विदेशी सैलानी भी परेशान नजर आए। पुराने जोधपुर में किसी भी प्रकार के वाहन का प्रवेश नहीं होने से सैलानियों ने पैदल ही रास्ता तय किया।